भीलवाड़ा: राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के रायला थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह एक कपड़ा फैक्ट्री में काम के दौरान दो मजदूरों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और फैक्ट्री के बाहर तनावपूर्ण माहौल बन गया।
यह हादसा रायसिंहपुरा स्थित सीताराम डेनिम फैक्ट्री में हुआ, जहां बॉयलर साइड पर कार्यरत दो मजदूर अचानक बेहोश हो गए।
मृतकों की पहचान
गजानंद गाडरी (निवासी: जिंद्रास, आसींद)
कमलेश गुर्जर (निवासी: नानोड़ी)
के रूप में हुई है। दोनों मजदूर पिछले करीब 6 महीने से फैक्ट्री में कार्यरत थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह करीब 8 बजे अन्य कर्मचारियों ने दोनों को बॉयलर के पास अचेत अवस्था में पड़ा देखा।
घटना की सूचना मिलते ही दोनों मजदूरों को 108 एम्बुलेंस से भीलवाड़ा के महात्मा गांधी अस्पताल (MGH) ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।
फिलहाल दोनों शवों को अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है।
प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि
बॉयलर से निकलने वाली जहरीली गैस से दम घुटने,
या फिर करंट लगने के कारण यह हादसा हुआ हो सकता है।
हालांकि, मौत के स्पष्ट कारणों की पुष्टि अभी नहीं हुई है, और पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
हादसे के बाद फैक्ट्री के बाहर
मजदूरों
मृतकों के परिजन
और बड़ी संख्या में ग्रामीण
इकट्ठा हो गए और प्रदर्शन शुरू कर दिया।
प्रदर्शनकारियों ने फैक्ट्री प्रबंधन पर सुरक्षा नियमों की अनदेखी का गंभीर आरोप लगाया।
ग्रामीणों और मजदूरों का कहना है कि:
बॉयलर जैसे अत्यधिक संवेदनशील क्षेत्र में
प्रशिक्षित ऑपरेटर की जगह सामान्य मजदूरों से काम कराया जा रहा था
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इससे पहले भी
गैस लीक,
और करंट दौड़ने जैसी घटनाएं हो चुकी हैं,
लेकिन प्रबंधन ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया।
स्थिति को संभालने के लिए
गुलाबपुरा
रायला
बनेड़ा
और मांडल
थानों की पुलिस फोर्स मौके पर तैनात की गई है।
मोर्चरी पर विधायक उदयलाल भडाणा और पुलिस अधिकारी परिजनों व ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं।
प्रदर्शन कर रहे मजदूरों और ग्रामीणों ने
पूरे मामले की निष्पक्ष जांच,
दोषी अधिकारियों और फैक्ट्री प्रबंधन के खिलाफ
सख्त कानूनी कार्रवाई,
और मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की है।
भीलवाड़ा की सीताराम डेनिम फैक्ट्री में हुआ यह हादसा एक बार फिर औद्योगिक इकाइयों में मजदूरों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। जब तक जांच पूरी नहीं होती, तब तक मौत का कारण रहस्य बना हुआ है, लेकिन यह स्पष्ट है कि यदि सुरक्षा मानकों का पालन हुआ होता, तो शायद यह हादसा टल सकता था।
All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.